Emerald News:- अहमदाबाद। दिल्ली के उपराज्यपाल ने आज अहमदाबाद इंटरनेशनल बुक फेयर में विद्यार्थियों और शिक्षकों के साथ एक संवादात्मक सत्र में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने पढ़ने की आदत, विचारों की विविधता और आलोचनात्मक चिंतन के महत्व पर जोर दिया।
उपराज्यपाल ने कहा कि आज के दौर में, जब लोग लगातार सोशल मीडिया और डिजिटल स्क्रीन पर समय बिता रहे हैं, किताबें हमें रुककर सोचने, विचार करने और सवाल पूछने का अवसर देती हैं।
उन्होंने विद्यार्थियों और शिक्षकों के साथ संवाद के दौरान युवा पीढ़ी की किताबों और विभिन्न विचारों के प्रति रुचि को प्रेरणादायक बताया। उन्होंने कहा कि पढ़ने की आदत विकसित करना, सवाल पूछने की प्रवृत्ति को बढ़ावा देना और विषयों पर गहराई से विचार करना बेहद जरूरी है।
उपराज्यपाल के अनुसार, ये आदतें युवाओं को जागरूक, विचारशील और जिम्मेदार नागरिक बनाने के साथ-साथ भविष्य के नेतृत्वकर्ताओं के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
उन्होंने पढ़ने की संस्कृति को बढ़ावा देने और युवाओं को ज्ञान एवं विचारों की दुनिया से जोड़ने के महत्व को रेखांकित किया।


