





Emerald News:- नई दिल्ली: बॉलीवुड अभिनेत्री सेलिना जेटली ने महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता, शिक्षा और आत्मसम्मान को लेकर एक भावुक संदेश साझा किया है। उन्होंने शादी, रिश्तों में समझौते और घरेलू हिंसा जैसी गंभीर परिस्थितियों पर अपनी बात रखते हुए कहा कि प्यार का मतलब यह नहीं होना चाहिए कि किसी महिला को बेघर, असहाय और आर्थिक रूप से कमजोर होकर जीना पड़े।
सेलिना जेटली ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि पिछले साल 15 साल की शादी और चार बच्चों के बाद उन्हें आर्थिक रूप से बेहद मुश्किल परिस्थितियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि उस समय उनके सामने सबसे बड़ा सवाल यह था कि वह अपने बच्चों के साथ कैसे जीवन बिताएंगी और उनकी सुरक्षा तथा जरूरतों को कैसे पूरा करेंगी।
‘शादी निभानी पड़ती है’ की सोच पर उठाए सवाल
अभिनेत्री ने भारतीय और दक्षिण एशियाई समाज में प्रचलित उस सोच पर सवाल उठाए, जिसमें महिलाओं को हर परिस्थिति में शादी निभाने और समझौता करने की सलाह दी जाती है। उन्होंने पूछा कि आखिर एक महिला से कितना समझौता करने की उम्मीद की जानी चाहिए और उसे रिश्ते के नाम पर कितना कुछ सहना पड़ता है?
सेलिना के मुताबिक, कई बार महिलाएं ऐसे रिश्तों में इसलिए बनी रहती हैं, क्योंकि उनके पास आर्थिक स्वतंत्रता नहीं होती और वे अपने बच्चों के भविष्य तथा रहने की व्यवस्था को लेकर चिंतित रहती हैं।
महिलाओं के लिए शिक्षा और आर्थिक आत्मनिर्भरता जरूरी
सेलिना जेटली ने कहा कि महिलाओं की वास्तविक सुरक्षा उनकी शिक्षा, हुनर, बचत और आर्थिक स्वतंत्रता में है। उनके अनुसार, हर महिला के पास अपनी कमाई, अपने बैंक खाते में पर्याप्त धन और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित जीवन शुरू करने के साधन होने चाहिए।
उन्होंने महिलाओं को अपने हुनर और शिक्षा पर भरोसा करने तथा ऐसी बचत करने के लिए प्रेरित किया, जिस पर उनका खुद का नियंत्रण हो। अभिनेत्री का मानना है कि आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर महिलाएं गलत परिस्थितियों से बाहर निकलने का फैसला अधिक मजबूती से ले सकती हैं।
बच्चों की सुरक्षा भी बड़ी चिंता
अपने संदेश में सेलिना ने उस मानसिक स्थिति को भी सामने रखा, जिसमें किसी महिला को गलत रिश्ते से बाहर निकलने से पहले यह सोचना पड़ता है कि वह अपने बच्चों को सुरक्षित जगह कहां ले जाएगी, उनके रहने और खाने की व्यवस्था कैसे करेगी और उन्हें भावनात्मक तकलीफ से कैसे बचाएगी।
उनका संदेश महिलाओं के अधिकारों, आत्मसम्मान और आत्मनिर्भरता की अहमियत को रेखांकित करता है। सेलिना जेटली ने इस बात पर जोर दिया कि किसी महिला को केवल आर्थिक मजबूरियों के कारण ऐसे रिश्ते में रहने के लिए विवश नहीं होना चाहिए, जो उसके लिए सही नहीं है।
सेलिना जेटली का यह संदेश महिलाओं को अपनी शिक्षा, हुनर और आर्थिक सुरक्षा को प्राथमिकता देने की याद दिलाता है। रिश्तों में समझौता अपनी जगह है, लेकिन आत्मसम्मान, सुरक्षा और स्वतंत्र पहचान भी उतनी ही जरूरी हैं।


