खाद्य सुरक्षा का सीधा संबंध जन-स्वास्थ्य से है और लोगों का भरोसा उन्हीं संस्थाओं पर बढ़ता है, जो नियमों को प्रभावी ढंग से लागू करने के साथ जमीन पर सकारात्मक बदलाव भी सुनिश्चित करती हैं। यह बात IAS अधिकारी तुकाराम मुंडे ने खाद्य सुरक्षा और बेहतर गवर्नेंस को लेकर कही।
उन्होंने कहा कि बाजार, अस्पताल, ई-कॉमर्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार के साथ देश का फूड सिस्टम लगातार बदल रहा है। ऐसे में बदलती परिस्थितियों के अनुरूप नियमों और उनकी निगरानी की व्यवस्था में भी जरूरी बदलाव किए जाने चाहिए।
तुकाराम मुंडे ने कहा कि नियमों को लागू करने का उद्देश्य केवल सुर्खियां बटोरना नहीं होना चाहिए। इसका वास्तविक मकसद एक सुरक्षित और जिम्मेदार व्यवस्था तैयार करना, नियमों के पालन को सुनिश्चित करना और लोगों के व्यवहार में स्थायी सकारात्मक बदलाव लाना है।
उन्होंने कहा कि अच्छी गवर्नेंस की असली पहचान इस बात से होती है कि उसके फैसलों और व्यवस्थाओं का आम लोगों की जिंदगी पर कितना सकारात्मक प्रभाव पड़ता है.


